नष्ट होते सुख-साधन

10 नवम्बर

सफलताजन्य सुख-सुविधा के सारे साधन एक न एक दिन बेकार और नष्ट होंगे। शेष रहेगी उजड़ी दुनिया की कहानी। कोई भी चीज सदा के लिए हाथ में नहीं रह पाएगी। सफलता से मिलनेवाली उपलब्धियाँ सदा कायम रहनेवाली नहीं हैं क्या यही मानकर आप अपनी उपलब्धियों पर अहंकार नहीं करते..?

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