20 – हिन्दुत्व के रक्षक (~भारत चालीसा)

भारत गौरव गान या भारत चालीसा
स्वर : ब्र. अरुणकुमार “आर्यवीर”

20 – हिन्दुत्व के रक्षक
जहां हुए राणा प्रताप नृप, दानी भामा शाह महान।
और हुए हैं वीर-शिवाजी हिन्दू कुल रक्षक बलवान।।
जिनके आगे पड़ी रह गई फीकी सारी मुगली शान।
बाबर और हुमांयू का रह गया अधूरा अरबी-गान।।
जहांगीर और शाहजहां के भी रह गए तड़प कर प्राण।
अकबर औ औरंगजेब के पूरे नहीं हुए अरमान।
रहा नहीं नादिर, गोरी, गजनी, तैमूर, का नाम निशान।।
औ शक हूण, सिकन्दर भी ले भागे अपनी अपनी जान।।
हरि सिंह नलुवा के भय से भागे अफगान पठान।

है भूमण्डल में भारत देश महान।।
है भूमण्डल में आर्यावर्त महान।।